Monday, March 4, 2019

"हर हर महादेव "

वही आरम्भ वही अंत है, वही रचियता वही सर्वनाश  
उसी में विलय हर जन का है, उसी का ये जग उत्पाद 
महादेव चहु दिशा है गूंजता, महादेव का ही संखनाद 
भूतो का भी है वो राजा और देवो का राजाधिराज |

गले में है उसके नागों की माला
वही त्रिशूल धारी और डमरू वाला 
वही जीवन है वही म्रत्यु है
वही प्रमाण वही सत्य है  
उसी में है जीवन का प्रसंग उसी में  म्रत्यु का अर्थ है |
..................
ये निम्न शब्द तेरी प्रशंसा में अर्पण ,
हे  शिव,  हे सर्वशक्तिमान
तेरे आराधक कामेंद्र का तुझे कोटि कोटि प्रणाम |

हर हर महादेव !

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